Rajsamand Lake History In Hindi

Rajsamand Lake History In Hindi | राजसमन्द झील का इतिहास और जानकारी

नमस्कार दोस्तों Rajsamand Lake In Hindi में आपका स्वागत है। आज हम राजसमन्द झील का इतिहास और राजसमंद झील घूमने की जानकारी के साथ उसके पर्यटन स्थल की जानकारी बताने वाले है। राजसमुद्र झील के रूप में लोकप्रिय राजसमंद झील एक प्रसिद्ध पर्यटक आकर्षण है। जो राजस्थान राज्य में राजसमंद शहर के पास उदयपुर से 66 कि.मी दूर स्थित है। झील का निर्माण 17 वीं शताब्दी में महाराणा राज सिंह ने किया था। उसे गोमती केलवा और ताली नदियों में बनाया था। उसका जलग्रहण क्षेत्र 196 वर्ग मील है। शांत झील सूर्यास्त के समय आकर्षक और आश्चर्यजनक दिखती है। डूबते सूरज की कोमल रोशनी झील के जल पर जादू जैसी चमक बिखेरती है।

झील मेवाड़ की पांच प्रसिद्ध झीलों में से एक और राजनगर और कनरोली शहरों के बीच स्थित है। झील का प्रमुख जल स्रोत गोमती नदी है। झील के दक्षिण में विशाल तटबंध पूरी तरह से सफेद संगमरमर से बना है। तटबंध संगमरमर की छतों और झील के पानी के संपर्क में सुंदर पत्थर की सीढ़ियों से परिपूर्ण है। पाँच तोरण मेहराब या तोरण हैं। जहाँ महाराजा राज सिंह और उनके वंशजों ने तुलादान के वार्षिक कार्यक्रम का आयोजन करते है। उस राजाओं ने खुद को सोने में तौला और उस सोने को ब्राह्मणों में वितरित किया था। तुलादान परंपरा का पालन महाराजा के वंशजों ने मृत्यु के बाद भी किया था।

Rajsamand Lake History In Hindi

राजसमंद झील का इतिहास बताए तो राजसमंद झील का निर्माण तीन नदियों, गोमती, केलवा और ताली पर बांधों पर है। उस बांधों का निर्माण महाराणा राज सिंह प्रथम के शासनकाल में 1662 और 1676 ईस्वी के बीच किया था। 1661 में यह विस्तार के सूखे के कारण महाराजा ने बांध और झील का निर्माण करवाया था। भविष्य में उस तरह के आयोजनों को कुशलतापूर्वक प्रबंधित करने और स्थानीय लोगों को रोजगार देने के उद्देश्य के लिए निर्मित करवाया था। उस के निर्माण राजस्थान में सबसे पुराना राहत कार्य और उसकी लागत 4 मिलियन रुपये है।

राजसमंद झील में देखे जाने वाले मेहराब और सजावटी मंडप राजकुमारी चारुमती ने विचारशील निर्माण के लिए शासक महाराणा राज सिंह के प्रति कृतज्ञता के प्रतीक के रूप में बनाए थे। ये जोड़ तटबंध की सुंदरता को और ज्यादा गौरवान्वित को बढ़ाते हैं। उस मंडपों के विकास के बाद ही तुलादान की परंपरा शुरू हुई थी। परंपरा को महाराणा राज सिंह प्रथम के उत्तराधिकारियों ने चलाया था। छह वर्षों से ज्यादा वक्त तक राजसमंद झील द्वितीय विश्व युद्ध के समय इंपीरियल एयरवेज के सीप्लेन बेस के रूप में कार्य करता था।

Rajsamand Lake Photos

इसके बारेमे भी पढ़िए – छत्तीसगढ़ के राष्ट्रीय उद्यान की जानकारी

Best Time To Visit Rajsamand Lake

राजसमंद झील घूमने जाने का सबसे अच्छा समय – अक्टूबर, नवंबर और दिसंबर या फरवरी में भव्य राजसमंद झील की यात्रा का सबसे अच्छा समय है। उस महीनों के दौरान मौसम सुहावना और ठंडा होता है। गर्मीयो के मौसम में राजस्थान राज्य की यात्रा कभी नही करनी चाहिए क्योकि उस समय में चिलचिलाती गर्मी का सामना करना पड़ सकता है। अगर आप अपनी यात्रा में परेशानी का समाना नहीं करना चाहते तो सर्दियों के मौसम में ही यात्रा करे।

Tips For Visiting Rajsamand Lake

  • राजसमंद झील की यात्रा सिर्फ 2से 3 घंटे की छोटी यात्रा है। 
  • यहाँ आप हनुमान मंदिर, द्वारकाधीश मंदिर, श्री छपरिया भेरू मंदिर और रामेश्वर महादेव के दर्शन कर सकते है। 
  • उसके साथ झील की यात्रा में नीलकंठ महादेव जी मंदिर और कालका माता मंदिर देख सकते है।
  • मानसून के दौरान झील पर नहीं जाना चाहिए क्योकि उस समय वह गंदी हो जाती है।
  • चाय और नाश्ता करने के लिए नजदीक कोई सामान्य स्टोर या रेस्तरां नहीं है। 
  • उसके कारन रुकने का इरादा हैं तो हल्का नाश्ता साथ में रखना जरूरी है।
राजसमन्द झील का इतिहास और जानकारी

इसके बारेमे भी पढ़िए – पंजाब के प्रमुख राष्ट्रीय उद्यान की जानकारी

Structure Of Rajsamand Lake

राजसमंद झील की संरचना देखे तो 4 मील लंबी, 1.7 मील चौड़ी और 60 फीट गहरी है। और देखने में शुद्ध चमत्कार है। झील के दक्षिणी छोर की ओर पाया जाने वाला तटबंध सफेद संगमरमर से बना है और इसे आमतौर पर नौचौकी के नाम से प्रसिद्ध है। उसका अर्थ नौ मंडप है। नौचौकी की पत्थर की सीढ़ियाँ साथ ही संगमरमर की छतें समान रूप से हड़ताली हैं और झील के पानी को छूती हैं। तटबंध पर पाँच तोरण, या तोरण मेहराब साथ ही कुछ छतरियाँ भी मिल सकती हैं। नौचौकी को जटिल रूप से उकेरा गया है।

देवताओं, सूर्य, पक्षियों, रथों और बारीक नक्काशी के चित्रों से सजाया गया है। झील के पानी की ओर ले जाने वाले पत्थर के चरणों को घाट कहा जाता है। उस 21 संगमरमर के पत्थरों पर मेवाड़ का इतिहास अंकित किया गया है। वह शिलालेख पूरे देश में सबसे लंबा उत्कीर्णन और उसमें कुल 107 श्लोक हैं। जो मेवाड़ के गौरवशाली अतीत का वर्णन करते हैं।उस नक्काशी को राज प्रशांति के रूप में प्रसिद्ध है और यह 1675 और 1676 के वर्षों की देखने को मिलती है।

Rajsamand Lake Timings

राजसमंद झील खुलने और बंद होने का समय – राजसमंद झील सुबह के 7 से शाम के 6 बजे तक घूमने के लिए खुली रहती है।

Rajsmand Lake Images

इसके बारेमे भी पढ़िए – द्वारकाधीश मंदिर का इतिहास और यात्रा की जानकारी

Rajsamand Lake Entry Fees

राजसमंद झील का प्रवेश शुल्क – निशुल्क यानि फ्री प्रवेश

राजसमंद झील के आसपास घूमने लायक पर्यटन और आकर्षण स्थल

कांकरोली मंदिर (Kankroli Temple)

कांकरोली मंदिर भगवान कृष्ण को समर्पित एक प्रसिद्ध मंदिर है। उसको द्वारकाधीश मंदिर के रूप में भी जानते है। यह मंदिर में कई भक्त भगवान कृष्ण का आशीर्वाद लेने और दर्शन करने के लिए आते हैं। मंदिर में पत्थर की जटिल नक्काशी और वह संगमरमर से बना है। 

कुंभलगढ़ किला (Kumbhalgarh Fort)

कुंभलगढ़ किला राजस्थान का मुख्य पर्यटन स्थल और राजसमंद जिले में उदयपुर से 82 कि.मी दूर स्थित है। कुंभलगढ़ किला राजस्थान के पांच पहाड़ी किलों में से एक है। 2013 में उसको यूनेस्को ने उसको विश्व धरोहर स्थल घोषित किया था। 1,914 मीटर की ऊंचाई पर स्थित आकर्षक किला जंगल के बीच स्थित है।

कुम्भलगढ़ वन्यजीव अभयारण्य (Kumbhalgarh Wildlife Sanctuary)

कुम्भलगढ़ वन्यजीव अभयारण्य राजस्थान राज्य का मुख्य पर्यटन स्थल और अभयारण्य है। वह राजसमंद जिले में 578 वर्ग किमी क्षेत्र को कवर करता है। वह उदयपुर, राजसमंद और पाली के कुछ हिस्सों को कवर करता है। उस अभयारण्य में कुंभलगढ़ किला शामिल है। उस किले के नाम से क्षेत्र का नाम कुम्भलगढ़ वन्यजीव अभयारण्य पड़ा है।

हल्दीघाटी (Haldighati)

हल्दीघाटी राजसमंद जिले का गौरव और महान महाराणा प्रताप के कामों के लिए दुनिया भर में प्रसिद्ध है। हल्दीघाटी उदयपुर से 44 कि.मी दूर है। हल्दीघाटी राजस्थान का प्रसिद्ध ऐतिहासिक स्थल और महाराणा प्रताप की वीरता के लिए प्रसिद्ध है। यहाँ 1576 में राणा प्रताप सिंह और अंबर के राजा मान सिंह के बीच एक विशाल युद्ध हुआ था। 

राजसमंद झील की फोटो गैलरी

Rajsamand Lake Hotel

  • The Marutinandan Grand, Nathdwara
  • Hotel Vaikunth By Adamo
  • The Sky Imperial- Hotel Gopal Darshan
  • Hotel Bansuri
  • Hotel Ashapura Palace by Sky Stays
  • juSTa Brij Bhoomi Nathdwara
  • Hotel Hari darshan
  • Atithi Bhawan by Sky Stays
  • Hotel Sanmukh By Adamo
  • CRIMSON PARK Shripriya-Nathdwara

How To Reach Rajsmand Lake राजसमंद झील कैसे पहुंचें

राजसमंद झील प्रसिद्ध शहर उदयपुर शहर से नई दिल्ली की ओर 66 कि.मी दूर राजनगर और कांकरोली के बीच स्थित है। आप उदयपुर से नियमित रूप से चलने वाली टैक्सियों या बसों को किराए पर लेकर बिना किसी कठिनाई के झील तक पहुँच सकते हैं। राजसमंद से निकटतम हवाई अड्डा उदयपुर हवाई अड्डा है, जो इस खूबसूरत शहर से 67 किमी दूर है। राजसमंद सड़कों से अच्छी तरह से जुड़ा हुआ है। जयपुर, भीलवाड़ा, अजमेर, बीवर, उदयपुर, कोटा, जोधपुर, अहमदाबाद, इंदौर और दिल्ली से बसों से जुड़ा हुआ है। राजसमंद का कोई रेलवे स्टेशन नहीं है।शहर का निकटतम प्रमुख रेलवे स्टेशन उदयपुर जो 59 किमी दूर है।

राजसमंद झील फोटो

इसके बारेमे भी पढ़िए – केदारकांठा ट्रेक की सम्पूर्ण जानकारी

Rajsmand Lake Map राजसमंद झील का लोकेशन

Rajsamand Lake Information In Hindi Video

Interesting Facts

  • यह झील भारत की दूसरी सबसे बडी कृत्रिम झील और एशिया का दूसरा सबसे बड़ा मीठे पानी का झील है।
  • राजसमन्द झील भारत के राजस्थान के राजसमन्द जिले में स्थित मानवनिर्मित झील है।
  • राजसमंद झील उदयपुर से 66 किलोमीटर की दूरी पर स्थित है।
  • यह झील का निर्माण महाराणा राज सिंह जी ने अकाल राहत योजना के तहत करवाया गया था।
  • राजसमंद झील का निर्माण 17 वीं शताब्दी में महाराणा राज सिंह ने गोमती नदी पर बनाया था।
  • राजसमंद झील पर पाल का निर्माण पूरा होने में पूरे 14 वर्ष का समय लगा था।
  • पाँच प्रसिद्ध झीलों में से एक राजसमंद झील राजनगर और कान्रोली शहरों के बीच स्थित है। 
  • झील 4 मील लंबी, 1.7 मील चौड़ी और 60 फीट गहरी और एक मानव निर्मित चमत्कार है। 

FAQ

Q .राजसमंद झील कहाँ पर है?

राजसमन्द झील या राजसमुद्र झील भारत के राजस्थान राजसमन्द नगर में स्थित है।

Q .राजसमंद झील का निर्माण कब से कब तक हुआ?

मेवाड़ के राजा राजसिंह ने गोमती नदी पर 1662 से 76 ई में राजसमंद झील का निर्माण करवाया था।

Q .राजसमंद झील में कौन सी नदी का पानी गिरता है?

राजसमंद झील में तीन गोमती, केलवा और तली नदियों का पानी गिरता है। 

Q .राजसमंद झील मानव निर्मित है?

हा राजसमंद झील मानव निर्मित है। 

Q .राजस्थान की सबसे बड़ी मीठे पानी की झील कौन सी है?

सबसे बड़ी मीठे पानी की झील जयसमंद झील या ढेबर झील है।

Conclusion

आपको मेरा लेख Rajsamand Lake History In Hindi बहुत अच्छी तरह से समज आया होगा। 

लेख के जरिये Rajsamand Lake resort, Rajsamand Lake distance

और Rajsamand Lake distance from udaipur से सबंधीत सम्पूर्ण जानकारी दी है।

अगर आपको किसी जगह के बारे में जानना है। तो हमें कमेंट करके जरूर बता सकते है।

हमारे आर्टिकल को अपने दोस्तों के साथ शयेर जरूर करे। जय हिन्द।  

Note

आपके पास Rajsamand Lake palace की जानकारी हैं। या दी गयी जानकारी मैं कुछ गलत लगे तो तुरंत हमें कमेंट और ईमेल मैं लिख हमे बताए हम अपडेट करते रहेंगे धन्यवाद। 

! साइट पर आने के लिए आपका धन्यवाद !

अगर आपको यह पोस्ट पसंद आया हो तो इसे अपने दोस्तों को जरूर शेयर करें !

Google Search

Rajsamand Lake udaipur, Rajsamand Lake paragliding, Jaisamand island resort, Rajsamand Lake directions, राजसमंद झील में कितना पानी आया, राजसमंद झील किस जिले में है, राजसमंद झील का वास्तुकार कौन है, राजसमंद झील का निर्माण कब हुआ, उदयसागर झील, पिछोला झील, राजसमंद झील का निर्माण किसने करवाया, राजसमंद झील का वीडियो

इसके बारेमे भी पढ़िए – रणथंभौर नेशनल पार्क घूमने की जानकारी

Leave a Comment

Your email address will not be published.